दिल्ली-एनसीआर में प्रदूषण से लोगों का बुरा हाल है। इस बीच दिल्ली सरकार ने एक बड़ा फैसला लिया है। दिल्ली सरकार के पर्यावरण मंत्री गोपाल राय ने जानकारी देते हुए कहा कि 13 नवंबर से ऑड ईवन लागू नहीं होगा, अभी इसको स्थगित कर दिया है।
गोपाल राय ने कहा कि अगर आगे स्थिति गंभीर होती है तो इस पर विचार किया जाएगा। गोपाल राय ने कहा कि पिछले 10 दिनों से दिल्ली में हवा की गति धीमी थी और इसकी वजह से प्रदूषण का स्तर गंभीर श्रेणी में पहुंच गया था। लेकिन गुरुवार रात से बारिश हो रही है। उसके बाद एयर क्वालिटी इंडेक्स 300 हो गया है और आगे यह और कम होगा।
गोपाल राय ने कहा कि अगर दिल्ली में प्रदूषण बढ़ेगा तो ऑड ईवन पर फिर से विचार किया जाएगा। दिवाली के बाद दिल्ली सरकार प्रदूषण के मामले पर समीक्षा बैठक करेगी और उसके बाद आगे का फैसला लिया जाएगा।
सुप्रीम कोर्ट में 7 नवंबर को ऑड-ईवन पर सुनवाई हुई थी और इस योजना की प्रभावशीलता पर सवाल उठाया गया था। इसके बाद दिल्ली सरकार ने बुधवार को कहा था कि इसकी समीक्षा होगी और आदेश जारी किए जाने के बाद ही योजना को लागू करने पर निर्णय किया जाएगा। ऑड-ईवन योजना की शुरुआत 2016 में की गई थी। वायु प्रदूषण पर नियंत्रण पाने के तहत इस योजना की शुरुआत की गई थी।
शुक्रवार को प्रदूषण को लेकर सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई थी। इस दौरान दिल्ली एनसीआर में प्रदूषण पर सुप्रीम कोर्ट ने एक बार फिर कड़ी नाराजगी जताई है। कोर्ट ने दिल्ली और पंजाब सरकार पर कहा कि उन्होंने लोगों को भगवान भरोसे छोड़ दिया है। दिल्ली में हुई बारिश से प्रदूषण में आई कमी पर कोर्ट ने कहा कि लोगों को कभी बारिश बचाती है, कभी हवा लेकिन सरकारों ने ऐसा कुछ नहीं किया जिसके लिए उन्हें धन्यवाद दिया जाए।
सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र और राज्य सरकारों से कहा है कि वह पराली जलाने की समस्या का स्थायी हल निकालें। साथ ही कोर्ट ने कैबिनेट सचिव को निर्देश दिया कि वह स्थिति में तुरंत सुधार के लिए उठाए जा रहे कदमों की निगरानी करें। 21 नवंबर को अगली सुनवाई होगी।