अगले साल होने जा रहे लोकसभा चुनाव से पहले यूपी में विभिन्न दलों के नेताओं की बयानबाजी तेज हो गई है। मोदी सरकार के खिलाफ विपक्ष का गठबंधन 2024 के चुनाव में किसी भी हाल में सत्ता परिवर्तन कराने की कोशिश में लगी है। वहीं दूसरी ओर भाजपा के नेतृत्व में एनडीए पहले से ज्यादा सीटें जीतने के लिए जीतोड़ मेहनत कर रही है। पिछले यूपी विधानसभा चुनाव से पहले सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी (SBSP) समाजवादी पार्टी के साथ गठबंधन में चुनाव लड़ी थी, लेकिन अब पार्टी गठबंधन से अलग हो गई और एनडीए में शामिल हो गई
इस बीच सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी के नेता ओम प्रकाश राजभर के कभी खास सहयोगी रहे बृजेश राजभर ने बाद में उनसे अलग होकर सुहेलदेव स्वाभिमान पार्टी के नाम से एक नई पार्टी बना ली थी। अब उन्होंने ओम प्रकाश राजभर के प्रभाव पर ही सवाल उठाया है। हाल ही में घोसी उपचुनाव में भाजपा की हार और सपा की जीत के बाद बयान दिया कि अगले लोक सभा चुनाव में ओम प्रकाश राजभर का कोई प्रभाव काम नहीं करेगा।
बृजेश राजभर ने ओम प्रकाश राजभर को चुनौती देते हुए कहा कि वे अपने विधानसभा क्षेत्र जहुराबाद से इस्तीफा देकर फिर से चुनाव लड़ लें। बृजेश ने कहा कि पिछले विधानसभा चुनाव में ओम प्रकाश राजभर समाजवादी पार्टी की मदद के कारण जीत पाए थे। अपने बल पर वे जीत नहीं हासिल कर सकते थे।
बृजेश राजभर ने ओम प्रकाश राजभर को कमजोर नेता बताने के साथ ही कहा कि वह ‘गद्दार’ हैं। वह जहां मौका देखते हैं, वहां चले जाते हैं। पहले सपा के साथ आए, फिर भाजपा का साथ पकड़ लिया।
माननीय ओम प्रकाश राजभर जी आप भी जहुराबाद विधानसभा से इस्तीफा देकर फिर से चुनाव लड़ लीजिए फिर पता चलेगा सुहेलदेव स्वाभिमान पार्टी ??प्रदेश अध्यक्ष श्री बृजेश राजभर जी सुहेलदेव स्वाभिमान पार्टी जिंदाबाद pic.twitter.com/AJdaSAlNWc
सुहेलदेव स्वाभिमान पार्टी की प्रदेश प्रभारी उर्मिला राजभर ने एक्स पर एक वीडियो पोस्ट शेयर किया है। इसमें उन्होंने बृजेश राजभर के हवाले से कहा है कि “जहुराबाद विधानसभा सीट ओपी राजभर की विरासत नहीं है। वो विरासत समाजवादी गठबंधन से तुम जीते हो। ये बृजेश राजभर चैलेंज करता है, अगर ओम प्रकाश राजभर जहुराबाद विधानसभा सीट से इस्तीफा दे दो और फिर करवा लो उपचुनाव, तुमको छठी का दूध याद दिलवा देंगे।” उनके इस बयान पर चर्चाएं शुरू हो गई हैं।